भारत में छुट्टियों को लेकर लोगों का व्यवहार बदल रहा है और यह बदलाव ट्रैवल-हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री के लिए नया कारोबारी मौका बनता जा रहा
भारत में छुट्टियों को लेकर लोगों का व्यवहार बदल रहा है और यह बदलाव ट्रैवल-हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री के लिए नया कारोबारी मौका बनता जा रहा है। सैलानी अब ‘ज्यादा देखने’ की बजाय ‘कम करने’ को तरजीह दे रहे हैं।
कंपनियां इसी डिमांड के हिसाब से अपनी रणनीति बदल रही हैं। एयरबीएनबी के 2026 इंडिया जेन-जी सर्वे (11 शहरों में) के मुताबिक 64% यात्री जानबूझकर यात्रा का पूरा शेड्यूल या रूट-प्लान अधूरा रखते हैं, जबकि दो-तिहाई का मकसद ही आराम और स्लो-डाउन है। यह सिर्फ लाइफस्टाइल ट्रेंड नहीं, बुकिंग पैटर्न में सीधा बदलाव है। 78% यात्री अपने कुल ट्रिप टाइम का आधा हिस्सा सिर्फ अपने स्टे में बिताते हैं, और 63% ने किसी खास प्रॉपर्टी की वजह से ही डेस्टिनेशन चुना। यानी अब स्टे खुद डेस्टिनेशन
