फीचर्ड

रिकवरी के दौरान ज्यादा काम करने से सिर चकराना बन सकती है लॉन्ग टर्म प्रॉब्लम

कोरोना वायरस के लक्षण अब केवल सांस की तकलीफ तक सीमित नहीं रह गए हैं। ये आपके शरीर के दूसरे अंगों पर भी हावी हो सकते हैं। इनमें से जहां कुछ लक्षण संक्रमण होने के 15 दिन के अंदर ही दिखना बंद हो जाते हैं, वहीं कुछ लक्षण ज्यादा समय तक महसूस हो सकते हैं। एक ऐसा ही लक्षण है बार-बार सिर चकराना।

क्या होता है सिर चकराना?
सिर चकराने को साधारण भाषा में सिर घूमना भी बोला जाता है। इसमें इंसान को बेहोशी, तेज सिर दर्द, सुस्ती, कमजोरी और अस्थिरता महसूस होती है। इसमें दिमाग को ऐसा लगने लगता है जैसे आस-पास की दुनिया घूम रही हैं। चक्कर आने के मुख्य कारण शरीर में कमजोरी और पानी की कमी होना है। इसलिए कोरोना संक्रमण के दौरान चक्कर आने की वजह वायरस है या कुछ और, ये बतलाना काफी मुश्किल होता है।

कोरोना में चक्कर आना कितना कॉमन?
विशेषज्ञों के अनुसार, कोरोना के लॉन्ग टर्म सिंप्टम्स में सिर दर्द, डायरिया, सांस फूलना और थकान होना काफी कॉमन है। ये लोगों को कोरोना से रिकवर होने के बाद भी आ सकते हैं। सिर चकराने की समस्या भी मरीजों में देखी जा रही है, हालांकि बहुत कम लोगों के साथ ही ऐसा होता है। यदि ऐसे मरीजों ने रिकवरी के दौरान इस लक्षण को नजरअंदाज किया या फिर इस समय अपनी देखभाल नहीं की, तो उनमें ये परेशानी लंबे समय तक बनी रह सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *