शहर कमेटी ने विधायक शैलेष पांडेय को 6 साल के लिए निष्कासित करने का प्रस्ताव पारित किया
बिलासपुर में कांग्रेस कमेटी में चल रही गुटबाजी इतनी बढ़ गई है कि गुरुवार को शहर कांग्रेस कमेटी ने अनुशासनहीनता के आरोप में अपने ही विधायक को 6 साल के लिए पार्टी से निष्कासित करने का प्रस्ताव पारित कर दिया। लगभग साढ़े 3 घंटे बंद कमरे में चली बैठक के बाद शहर कार्यकारिणी ने यह फैसला लिया। शहर अध्यक्ष प्रमोद नायक ने कहा कि विधायक शैलेष पांडेय ने कोतवाली में हंगामा किया और कहा कि वह टीएस सिंहदेव के समर्थक हैं इसलिए उनके खिलाफ मामला दर्ज हो रहा है। यह पार्टी विरोधी गतिविधि है। उन्हें 6 साल के लिए निष्कासित करने का प्रस्ताव पूरी कमेटी ने पारित किया है।
बिलासपुर में विधायक शैलेष पांडेय और कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों के बीच लंबे समय से तनातनी चल रही है। इससे पहले भी दोनों एक दूसरे के खिलाफ बयानबाजी करते रहे हैं। पांडेय की पिछले कुछ दिनों से सिंहदेव के समर्थकों में गिनती होती है। एक और टीएस समर्थक पंकज सिंह पर एफआईआर होने के बाद यह नया विवाद खड़ा हुआ है। पंकज सिंह पर मामला दर्ज होने के खिलाफ विधायक पांडेय अपने समर्थकों के साथ कोतवाली पहुंचे थे। वहां समर्थकों ने पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी। इसी दौरान मीडिया से विधायक शैलेष पांडेय ने कहा था कि वह और पंकज स्वास्थ्य मंत्री के समर्थक हैं। इसलिए उनके खिलाफ अपराध दर्ज किए जा रहे हैं। इससे पहले गरीबों को कोरोनाकाल में चावल बांटने पर उनके खिलाफ भी एफआईआर हुई थी।
