एकमात्र घोटाला जिसे CM लालू और विपक्ष के नेता जगन्नाथ मिश्रा ने मिलकर किया
बिहार के पूर्व CM और RJD प्रमुख लालू यादव चारा घोटाले के 5वें मामले में भी दोषी पाए गए हैं। लालू को पहले ही 4 मामलों में दोषी ठहराया जा चुका है, लेकिन वह इन मामलों में जमानत पर हैं। बिहार का चारा घोटाला देश का एकमात्र ऐसा घोटाला था जिसमें उस समय के CM और विपक्षी नेता दोनों शामिल थे। उस वक्त बिहार के CM थे लालू यादव और विपक्षी नेता जगन्नाथ मिश्रा थे।
ऐसे में आइए जानते हैं कि क्या था चारा घोटाला? कैसे नेता और अफसर मिलकर जानवरों के चारे को ही खा गए? इस मामले अब तक कितने लोगों को सजा हुई?
क्या है चारा घोटाला जिसमें लालू यादव दोषी पाए गए हैं?
- चारा घोटाले की शुरुआत छोटे-छोटे मामलों से हुई। इसके बाद यह 55 से ज्यादा मामलों तक जा पहुंचा। हालांकि, बाद में कई केस को मिलाकर एक साथ करने से इसकी संख्या काफी कम हो गई।
- यह मामला बिहार विभाजन से पहले 1992 से 1995 तक राज्य के सरकारी खजाने से गलत ढंग से 950 करोड़ रुपए निकालने का है।
- इस दौरान पशुपालन विभाग के अफसरों ने नेताओं की मदद से नकली बिल के जरिए चारा, दवा और कृत्रिम गर्भाधान उपकरण के नाम पर सरकारी खजाने से ये पैसे निकाले।
- इनमें से 6 मामलों में लालू यादव को आरोपी बनाया गया था। साथ ही बिहार के विभाजन के बाद इनमें से 5 मामले झारखंड में ट्रांसफर कर दिए गए थे।
