सबरीमाला केस: Supreme Court of India में जिरह आखिरी चरण में, 22 तक सुनवाई
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट में धर्म और लैंगिक समानता के बीच की लकीर तय करने वाली ऐतिहासिक सुनवाई जारी है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली 9 सदस्यीय संविधान पीठ सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश के साथ-साथ विभिन्न धर्मों में महिलाओं के साथ होने वाले कथित भेदभाव की व्यापक जांच कर रही है। अदालत ने स्पष्ट कर दिया है कि वह केवल सबरीमाला तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि अनुच्छेद 25 के तहत ‘धार्मिक स्वतंत्रता’ के दायरे को नए सिरे से परिभाषित करेगी।
इन 5 संवेदनशील मुद्दों पर टिकी हैं निगाहें
अदालत एक साथ कई अहम कानूनी सवालों का समाधान खोज रही है:
