अमेरिकी कंपनियों पर ईरान की कार्रवाई, राजनीतिक दबाव या प्रतिशोध की तैयारी?
Iran Israel war: ईरान-इजरायल-अमेरिका जंग को 33 दिनों से ज्यादा का समय हो चुका है. यह जंग खत्म होने के बजाय तेजी से बढ़ती ही जा रही है. इस जंग में कई और देश भी शामिल हो रहे हैं. अभी तक इस जंग में केवल सैन्य ठिकानों को ही निशाना बनाया जा रहा था. हालांकि अब ईरान ने अमेरिकी कंपनियों पर हमले का खुला ऐलान कर दिया है. जिन कंपनियों पर हमले की बात कही जा रही है उनकी ईरान की तरफ से एक लिस्ट भी जारी की गई है. टेक कंपनियों पर हमला करने के पीछे की सबसे बड़ी वजह उनका युद्ध में अमेरिका और इजराइल की मदद करना माना जा रहा है.
ईरान की तरफ से हमले का खुला ऐलान भारतीय समय अनुसार मंगलवार देर शाम किया गया था. इसके लिए बाकायदा ईरान ने एक लिस्ट जारी की है. इस लिस्ट में Apple, Google, Meta, IBM, Tesla और Boeing जैसी 18 बड़ी अमेरिकी टेक कंपनियां हैं. ईरान के इस्लामिक रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प्स (IRGC) का कहना है कि इन कंपनियों को 1 अप्रैल की शाम 8 बजे निशाना बनाया जाएगा. IRGC ने आरोप लगाया है कि ये कंपनियां ईरानी अधिकारियों के ‘टारगेटेड असेसिनेशन’ में शामिल थीं.
क्या है हमले की असली व
