अगर खिलाना नहीं, तो साथ क्यों रखना… श्रेयस अय्यर को लेकर आकाश चोपड़ा का मैनेजमेंट से सीधा सवाल
न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज जीतने के बाद जब चौथे मैच में भारतीय टीम खेलने उतरी तो ईशान किशन इंजर्ड थे। वे पहले से ही तिलक वर्मा की जगह पर खेल रहे थे। ऐसे में तिलक वर्मा की जगह टीम में आए श्रेयस अय्यर को खिलाया जा सकता था, लेकिन टीम मैनेजमेंट की दलील थी कि वे कॉम्बिनेशन ट्राई कर रहे थे, जिसके कारण श्रेयस को मौका नहीं दिया। इस पर पूर्व क्रिकेटर और कमेंटेटर आकाश चोपड़ा ने कहा है कि वह बच्चा नहीं है। अगर खिलाना नहीं है तो उसे बाहर कर दो, किसी बच्चे को टीम में ले आओ और उसे बाहर बिठाओ।आकाश चोपड़ा ने अपने एक्स अकाउंट पर शेयर किए गए एक वीडियो में कहा है, “अगर बिल्कुल मन बना लिया कि श्रेयस अय्यर को खिलाना ही नहीं है तो फिर टीम में क्यों रखा है यार? किसी एक छोटे बच्चे को बुला लीजिए उसको टीम के साथ रख लीजिए वो आयुष बडोनी भी हो सकते हैं, वो शाहबाज अहमद भी हो सकते हैं और मैं आपसे एक सवाल पूछना चाहता हूं और मैं समझता हूं कि जब तिलक वर्मा उपलब्ध हो जाएंगे तो श्रेयस अय्यर को बाहर बैठना पड़ेगा। ये भी सवाल था कि उन्हें टीम में होने के बावजूद पहले तीन T20 मैचों में बाहर बैठना पड़ेगा।”श्रेयस अय्यर पहले तीन मैचों में ही नहीं, बल्कि चौथे मैच में भी बाहर बैठे। तीन मैचों में ईशान किशन को मौका दिया गया, लेकिन जब ईशान भी चोटिल हो गए, तब भी मैनेजमेंट ने श्रेयस अय्यर को नहीं खिलाया। उन्होंने एक अतिरिक्त पेसर खिलाया और नए टीम कॉम्बिनेशन को परखा, जो आइडिया बिल्कुल फ्लॉप रहा। टीम 50 रन से मैच हार गई।आकाश चोपड़ा ने आगे कहा, “सब कुछ समझ में आता है कि वे वर्ल्ड कप टीम में नहीं हैं तो उनको पहले मौका नहीं मिलेगा, लेकिन जब ईशान इंजर्ड हो जाते हैं और श्रेयस अय्यर ही एकमात्र ऐसे बल्लेबाज हैं, जो बाहर बैठे हैं तब भी आप उनको नहीं खिलाते हैं। हर्षित राणा को नंबर सात पर रखते हैं। जब ये मैं वीडियो रिकॉर्ड कर रहा हूं तो मैच की पहली गेंद भी नहीं फेंकी गई है। नतीजा मैच का क्या होगा? नहीं पता, लेकिन श्रेयस अय्यर एक छोटा बच्चा नहीं है कि आप उनको टीम के साथ रखते हैं कि उनको अनुभव मिलेगा ड्रेसिंग रूम में रहने का। इस बात का कोई तुक नहीं बनता।”उन्होंने आगे कहा, “अगर नहीं है मन तो फिर किसी बच्चे को रख लीजिए, क्योंकि पहली बार हुआ है गौतम गंभीर की कोचिंग में कि उन्होंने चार प्रोपर बॉलर खिलाए हैं, पांचवें बॉलर जो थे वह हर्षित राना थे, जो नंबर 7 पर थे। वह टेस्ट में नहीं खिलाते यार, इस बार T20 में खिलाए हैं। माना विश्व कप आगे है और उसका लेंस लगाया हुआ है जिसे समझते हैं, लेकिन मेरे विचार में श्रेयस अय्यर को या तो खिलाना चाहिए था और अगर खिलाने का मन ही नहीं है तो उनको घर भेज देना चाहिए, उनको इस टीम के साथ मत रखिए किसी बच्चे को बुलाइए, उनको बाहर बिठाइए। मुझे नहीं लगता कि श्रेयस अय्यर के लिए ये शायद सही चीज है। चाहे कुछ भी हो जाए कोई भी खेल जाए पर आप नहीं खेलेंगे श्रेयस अय्यर, यह स्वीकार्य नहीं है।”
