टाटा समूह के मसले पर बढ़ा सस्पेंस, 10 सितंबर को होगी बोर्ड की अहम बैठक
व्यापार: सूत्रों के मुताबिक, टाटा ट्रस्ट्स के भीतर गवर्नेंस, पारदर्शिता और टाटा संस की बाजार में लिस्टिंग को लेकर मतभेद सामने आए हैं। आरबीआई के नियमों के अनुसार, टाटा संस को सितंबर तक बाजार में लिस्ट होना था। पर अभी तक लिस्टिंग की कोई तैयारी नहीं है। माना जा रहा है कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने टाटा संस को लिस्ट से छूट दे दी है।
180 अरब डॉलर का है कारोबार
टाटा ग्रुप का नियंत्रण टाटा ट्रस्ट्स के पास है, जिसकी संस में बहुमत की हिस्सेदारी है। टाटा संस 180 अरब डॉलर के कारोबारी साम्राज्य वाले टाटा समूह को नियंत्रित करती है। इसमें टाटा स्टील, टाटा मोटर्स व टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज समेत तमाम कंपनियां शामिल हैं। बैठक ऐसे वक्त में हुई है जब रतन टाटा की पहली पुण्यतिथि 9 अक्तूबर को है। केंद्र सरकार को कुछ ट्रस्टीज ने संपर्क किया था, ताकि संगठन के अंदर चल रहे मतभेदों को सुलझाने में मदद मिल सके।
दो गुटों में बंटा साम्राज्य
