नाइजीरिया ने कचरे में फेंक दिए 10 लाख टीके
दुनिया में कोरोना वैक्सीन को लेकर एक असंतुलन पैदा हो रहा है। यह असंतुलन लोगों तक वैक्सीन की पहुंच को लेकर है। कोरोना का नया वेरिएंट ओमीक्रोन सामने आने के बाद वैक्सीन की मांग और ज्यादा बढ़ गई है। कुछ देश अपने निवासियों को एक और दो बूस्टर डोज लगा रहे हैं तो कई जगह अभी लोगों को पहली खुराक का ही इंतजार है। इस बीच खबर आई कि नाइजीरिया ने बुधवार को एस्ट्राजेनेका कोरोना वैक्सीन की 1 मिलियन से अधिक खराब हो चुकीं खुराकों को नष्ट कर दिया।
अधिकारियों ने कहा कि उनकी अंतिम तिथि के बाद उन्हें इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है। नाइजीरिया की NPHCDA (National Primary Health Care Development Agency) के प्रमुख फैसल शुएब ने कहा कि अफ्रीका के सबसे अधिक आबादी वाले देश में स्वास्थ्य अधिकारियों के पास दान में दी गई खुराकों को लेकर बहुत कम विकल्प बचे थे। इन खुराकों की शेल्फ लाइफ बहुत ज्यादा नहीं बची थी।
सिर्फ दो फीसदी को लगी है वैक्सीन
उन्होंने कहा कि विकसित देशों ने इन टीकों की खरीद की और इन्हें जमा किया। जब ये खराब होने वाले थे तो इन्हें दूसरे देशों को दान कर दिया। पिछले हफ्ते शुएब ने कहा था कि नाइजीरिया अब इस तरह के दान को स्वीकार नहीं करेगा। नाइजीरिया के 20 करोड़ 60 लाख लोगों में से केवल 2 प्रतिशत लोगों को पूरी तरह से टीका लगाया गया है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने फरवरी तक एक चौथाई से अधिक आबादी का टीकाकरण करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है।
