ईरान के सख्त रुख से कूटनीतिक समीकरण बदलते नजर आए
ईरान|ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में मध्यस्थों के माध्यम से ईरान और संयुक्त राज्य अमेरिका के बीच विभिन्न संदेशों का आदान-प्रदान हुआ है, जबकि पिछले महीने के अंत में देश पर अमेरिकी और इजरायली हमलों की शुरुआत के बाद से तेहरान ने वाशिंगटन के साथ कोई बातचीत नहीं की है. उन्होंने सरकारी टीवी चैनल आईआरआईबी को दिए एक इंटरव्यू में यह टिप्पणी की|
अराघची ने कहा, “कुछ दिनों पहले से अमेरिकी पक्ष विभिन्न मध्यस्थों के माध्यम से अलग-अलग संदेश भेज रहा है. जब मित्र देशों के माध्यम से हमें संदेश भेजे जाते हैं और हम जवाब में अपनी स्थिति स्पष्ट करते हैं या आवश्यक चेतावनी जारी करते हैं तो इसे न तो बातचीत कहा जाता है और न ही संवाद. यह केवल हमारे मित्रों के माध्यम से संदेशों का आदान-प्रदान है और हमने अपने सैद्धांतिक रुख को दोहराया है|”
हम ऐसे खत्म करेंगे कि फिर दोबारा जंग न हो- अराघची
शिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, उन्होंने आगे कहा कि कुछ संदेशों में ईरान ने संयुक्त राज्य अमेरिका को अपने बुनियादी ढांचे पर हमला करने के खिलाफ चेतावनी दी थी, जिसके कारण वाशिंगटन ने 48 घंटों के भीतर ईरानी बिजली संयंत्रों पर हमला करने की अपनी चेतावनी वापस ले ली. अराघची ने कहा कि ईरान युद्ध नहीं चाहता और इस बात पर जोर दिया, “हमने इस यु
