सुप्रीम कोर्ट बोला-अरावली में रोक के बाद भी अवैध खनन
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट में अरावली पहाडिय़ों पर सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कहा कि रोक बावजूद भी अवैध खनन चल रहा है। इससे ऐसे हालात बनेंगे, जिन्हें सुधार नहीं सकेंगे। सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम पंचोली की बेंच ने कहा कि खनन रोकने के लिए विशेषज्ञों की एक एक्सपर्ट कमेटी गठित करेगा। कोर्ट ने राजस्थान सरकार से गारंटी ली कि अरावली क्षेत्र में किसी भी तरह का खनन नहीं होने दिया जाएगा।
सुनवाई के दौरान बेंच ने कहा- पहले जारी अंतरिम आदेश जारी रहेगा। सीजेआई ने कहा- कुछ तरह की अवैध गतिविधियां अब भी जारी हैं। अवैध खनन से ऐसे हालात बन सकते हैं, जिन्हें सुधारा नहीं जा सकेगा। नई रिट याचिकाएं दाखिल न करें। हमें पता है कि ये याचिकाएं क्यों दायर की जा रही हैं।
इस पर वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल (हस्तक्षेपकर्ता की ओर से) कहा कि हम अरावली का इतिहास जानते हैं। इसकी परिभाषा के पीछे विज्ञान होना चाहिए। इस पर सीजेआई ने कहा- हमें अलग-अलग क्षेत्रों के विशेषज्ञों की जरूरत है। सभी लोग नाम सुझाएं। हम चरणबद्ध तरीके से एक्सपर्ट्स की टीम बनाएंगे।
कपिल सिब्बल ने अपील की कि कृपया 30 मिनट की प्रारंभिक सुनवाई हो। हिमालय और अरावली जैसी प
